उत्तर प्रदेश के इटावा के बृजेन्द्र की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला तूल पकड़ता जा रहा है. ग्वालियर में नाले से शव मिलने के बाद परिजनों ने हत्या का आरोप लगाते हुए पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए. गुरुवार रात करीब 9 बजे परिजन और सैकड़ों लोग शव लेकर इटावा कोतवाली पहुंच गए. यहां सड़क जाम कर प्रदर्शन किया गया. परिजनों ने साथ गए एक रिश्तेदार पर हत्या का आरोप लगाया. अधिकारियों के निष्पक्ष जांच और कार्रवाई के आश्वासन के बाद रात करीब 11 बजे प्रदर्शन समाप्त हुआ.

इटावा के कोतवाली क्षेत्र स्थित साबितगंज निवासी बृजेन्द्र 11 अक्टूबर को अपने एक रिश्तेदार की नाबालिग बेटी को बरामद कराने के लिए पुलिस टीम के साथ अहमदाबाद गया था. लड़की को एक युवक भगाकर ले गया था. पुलिस ने लड़की को बरामद करने के साथ आरोपी युवक और उसके सहयोगियों को गिरफ्तार कर लिया था.
वापसी के दौरान कार में जगह कम होने की बात कहकर पुलिस और परिजनों ने बृजेन्द्र तथा उसके एक अन्य रिश्तेदार को अहमदाबाद में ही छोड़ दिया. इसके बाद दोनों किसी तरह ग्वालियर पहुंचे. यहां से बृजेन्द्र अचानक लापता हो गया.
21 अक्टूबर को नाले में मिला शव
बृजेन्द्र के साथ गया दूसरा रिश्तेदार अकेले इटावा लौट आया. ये समाचार आप गज़ब वायरल में पढ़ रहे है। उसने परिवार को बृजेन्द्र के लापता होने की जानकारी दी. इसके बाद परिजन उसकी तलाश और गुमशुदगी को लेकर परेशान हो गए. इसी बीच 21 अक्टूबर को ग्वालियर के एक नाले से बृजेन्द्र का शव बरामद हुआ. ग्वालियर पुलिस ने शव की पहचान कराई और 22 अक्टूबर को पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंप दिया. शव इटावा पहुंचने के बाद परिवार ने साथ गए रिश्तेदार पर हत्या का आरोप लगाया. परिजनों का कहना है कि बृजेन्द्र की मौत के लिए वही जिम्मेदार है. हालांकि, हत्या के आरोपों की अभी पुष्टि नहीं हुई है.
कोतवाली के बाहर सड़क जाम कर किया प्रदर्शन
गुरुवार रात शव लेकर इटावा कोतवाली पहुंचे परिजनों और समाज के लोगों ने पुलिस पर शुरुआत में ठोस कार्रवाई नहीं करने का आरोप लगाया. इसके बाद लोगों ने सड़क जाम कर हंगामा किया. प्रदर्शन की सूचना मिलने पर सीओ सिटी अवनीश कुमार सिंह और प्रभारी निरीक्षक यशवंत सिंह मौके पर पहुंचे.
अधिकारियों ने आक्रोशित लोगों को समझाने की कोशिश की. काफी देर तक बातचीत के बाद रात करीब 11 बजे परिजन शांत हुए. पुलिस अधिकारियों ने निष्पक्ष जांच और दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया. इसके बाद परिजन शव लेकर वहां से चले गए.
भाई ने भी लगाए गंभीर आरोप
बृजेन्द्र के भाई ने आरोप लगाया कि उसके भाई की गुमशुदगी के मामले में नामजद युवक को पुलिस थाने लेकर आई थी, लेकिन बाद में उसे छोड़ दिया गया. भाई ने उसी युवक पर बृजेन्द्र की हत्या करने का आरोप लगाया. उसने कहा कि पुलिस से कार्रवाई का आश्वासन मिलने के बाद परिवार शव लेकर जा रहा है.
सीओ सिटी अवनीश कुमार सिंह ने बताया कि बृजेन्द्र के शव का पोस्टमार्टम ग्वालियर के पड़ाव थाना पुलिस ने कराया है. परिजनों ने एक करीबी व्यक्ति पर हत्या का आरोप लगाया है. ग्वालियर पुलिस से संपर्क किया गया है. वहां की पुलिस ने पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर मुकदमा दर्ज करने की बात कही है.



