पॉपकॉर्न का नाम सुनते ही ज्यादातर लोगों के मन में फिल्म, टीवी और शाम के समय का स्नैक आता है. इसे बनाना आसान है और इसका स्वाद बच्चों से लेकर बड़ों तक कई लोगों को पसंद आता है. पॉपकॉर्न मक्के से बनता है और इसमें फाइबर, प्रोटीन, मैग्नीशियम, फॉस्फोरस और कुछ एंटीऑक्सीडेंट जैसे पोषक तत्व पाए जाते हैं. हालांकि, पॉपकॉर्न कितना हेल्दी है, यह इसे बनाने के तरीके पर भी निर्भर करता है.

सादा या एयरपॉप्ड पॉपकॉर्न ज्यादा बेहतर माना जाता है, क्योंकि इसमें ज्यादा मक्खन, नमक और चीनी नहीं होती. ये समाचार आप गज़ब वायरल में पढ़ रहे है। वहीं बाजार या मूवी थिएटर में मिलने वाले ज्यादा मक्खन और नमक वाले पॉपकॉर्न को कम मात्रा में लेना बेहतर है. इसलिए पॉपकॉर्न खरीदते या बनाते समय इसके ingredients और पोषण पर ध्यान देना जरूरी है. अगर आप भी पॉपकॉर्न को हेल्दी स्नैक के तौर पर डाइट में शामिल करना चाहते हैं, तो इसे सही तरीके से खाना जरूरी है. आइए जानते हैं पॉपकॉर्न खाने से शरीर को क्या फायदे मिल सकते हैं और इसे बनाते समय किन बातों का ध्यान रखना चाहिए.
पॉपकॉर्न खाने से शरीर को क्या फायदे मिल सकते हैं?
फाइबर से पाचन को मिलती है मदद
पॉपकॉर्न में फाइबर अच्छी मात्रा में पाया जाता है. यह फाइबर पाचन को बेहतर रखने में मदद करता है और आंतों के लिए भी अच्छा माना जाता है. डाइट में फाइबर लेने से पेट की सेहत को बनाए रखने में मदद मिल सकती है.
फाइबर पेट को लंबे समय तक भरा रखता है
पॉपकॉर्न में मौजूद फाइबर धीरे पचता है, इसलिए इसे खाने के बाद लंबे समय तक पेट भरा महसूस हो सकता है. इससे बारबार कुछ खाने की इच्छा कम हो सकती है और स्नैक के तौर पर यह पेट को संतुष्ट रखने में मदद कर सकता है.
साबुत अनाज होने से ब्लड शुगर के लिए बेहतर
पॉपकॉर्न साबुत अनाज से बनता है और इसमें फाइबर भी होता है. फाइबर खाने के बाद ब्लड शुगर तेजी से बढ़ने से रोकने में मदद कर सकता है. हालांकि, इसमें ज्यादा चीनी या मीठी फ्लेवरिंग डालने से यह फायदा कम हो सकता है.
फाइबर कोलेस्ट्रॉल को कंट्रोल रखने में मदद करता है
पॉपकॉर्न में मौजूद फाइबर शरीर से कुछ कोलेस्ट्रॉल बाहर निकालने में मदद कर सकता है. इससे हेल्दी कोलेस्ट्रॉल लेवल बनाए रखने में मदद मिल सकती है. हालांकि, पॉपकॉर्न में ज्यादा मक्खन और नमक डालने से इसे हेल्दी स्नैक नहीं माना जाएगा.
एंटीऑक्सीडेंट शरीर को नुकसान से बचाने में मदद करते हैं
पॉपकॉर्न में फेरुलिक एसिड जैसे एंटीऑक्सीडेंट पाए जाते हैं. ये शरीर में ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस से बचाने में मदद कर सकते हैं. हालांकि, पॉपकॉर्न से मिलने वाला फायदा उसके बनाने के तरीके पर भी काफी हद तक निर्भर करता है.
पॉपकॉर्न बनाते समय इन बातों का रखें ध्यान
पॉपकॉर्न को हेल्दी रखने के लिए इसे कम तेल, कम नमक और बिना ज्यादा मक्खन के बनाएं. ज्यादा मक्खन, नमक, चीनी और फ्लेवरिंग डालने से इसकी कैलोरी और फैट बढ़ सकते हैं. बाजार या थिएटर में मिलने वाले पॉपकॉर्न में भी ज्यादा नमक, फैट और दूसरी चीजें हो सकती हैं.
घर पर सादे पॉपकॉर्न के दानों से इसे बनाना बेहतर है. इसे पैन में थोड़े तेल के साथ या एयर पॉपिंग तरीके से बनाया जा सकता है. स्वाद के लिए कम नमक वाले मसाले या हर्ब्स डाल सकते हैं.



