कर्मचारी भविष्य निधि संगठन अपने सदस्यों को EPF खाते में नॉमिनी जोड़ने या बदलने की सुविधा ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यमों से देता है. सही नॉमिनेशन होने से खाताधारक की मृत्यु होने पर जमा राशि और अन्य लाभ परिवार तक आसानी से पहुंच जाते हैं. ऐसे में समयसमय पर सदस्यों को अपनी नॉमिनेशन जानकारी अपडेट रखने की सलाह देता है.

ऑनलाइन नॉमिनेशन

ऑनलाइन नॉमिनेशन की सुविधा केवल उन सदस्यों के लिए उपलब्ध है जिनका यूनिवर्सल अकाउंट नंबर आधार से सत्यापित है. सदस्य EPFO पोर्टल पर लॉगिन करके नॉमिनी की जानकारी दर्ज कर सकते हैं. प्रक्रिया पूरी करने के लिए eSign करना अनिवार्य है. इसके तहत आधार नंबर दर्ज करना होता है और आधार से जुड़े मोबाइल नंबर पर प्राप्त OTP के जरिए आवेदन को सत्यापित किया जाता है.

वहीं, ऑफलाइन नॉमिनेशन के लिए सदस्य को फॉर्म नंबर2 भरकर EPFO कार्यालय में जमा करना होता है. इस फॉर्म में EPF, कर्मचारी पेंशन योजना और कर्मचारी जमा लिंक्ड बीमा योजना से संबंधित जानकारी दर्ज की जाती है.

eNomination के लिए किन दस्तावेजों की जरूरत?

ऑनलाइन नॉमिनेशन करते समय सदस्य को नॉमिनी का नाम, आधार नंबर, जन्म तिथि, लिंग, पता और संबंध जैसी जानकारी देनी होती है. इसके अलावा नॉमिनी की फोटो भी अपलोड करनी होती है, जिसका आकार 100KB से अधिक नहीं होना चाहिए.

यदि लाभार्थी नाबालिग है तो उसके अभिभावक की जानकारी भी देनी होगी. सदस्य बैंक खाते की जानकारी भी दर्ज कर सकते हैं, हालांकि यह अनिवार्य नहीं है. एक से अधिक नॉमिनी होने की स्थिति में सभी को दिए गए हिस्सों का कुल प्रतिशत 100% होना चाहिए.

Virtual ID ऐसे करें जनरेट

EPFO के eSign प्रोसेस में सदस्य आधार नंबर के अलावा UIDAI की 16 अंकों वाली Virtual ID का भी उपयोग कर सकते हैं. VID बनाने के लिए सबसे पहले UIDAI की वेबसाइट पर जाएं. वहां Aadhaar Services सेक्शन में “Virtual ID Generator” विकल्प चुनें. इसके बाद अपना 12 अंकों का आधार नंबर और कैप्चा भरकर OTP प्राप्त करें. OTP सत्यापित करने के बाद नई VID जनरेट की जा सकती है या पहले से बनी VID को दोबारा प्राप्त किया जा सकता है. नई VID बनने पर पुरानी VID स्वतः निष्क्रिय हो जाती है.

कब अपडेट करनी चाहिए नॉमिनेशन?

EPFO के अनुसार शादी, बच्चे के जन्म, तलाक या नामित व्यक्ति की मृत्यु जैसी परिस्थितियों में नॉमिनेशन को अपडेट करना जरूरी है. इससे भविष्य में दावों के निपटान में किसी तरह की परेशानी नहीं होती और परिवार को समय पर वित्तीय सहायता मिल जाती है.

नियमों के मुताबिक विवाहित सदस्य के लिए पति या पत्नी को नॉमिनी बनाना अनिवार्य है. वहीं अविवाहित सदस्य, जिनके पति/पत्नी या बच्चे नहीं हैं, वे अपनी पसंद के किसी भी व्यक्ति को नॉमिनी बना सकते हैं. EPFO का मानना है कि समय पर अपडेट की गई नॉमिनेशन परिवार की वित्तीय सुरक्षा सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है.