NHAI द्वारा निर्मित, लखनऊकानपुर 6 लेन एक्सप्रेसवे, और लखनऊहरदोई 4 लेन एक्सप्रेसवे का लोकार्पण सोमवार को किया गया. राज्य के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक की उपस्थिति में केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह एवं केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने लखनऊ में 4,850 करोड़ रुपए से अधिक लागत की 3 राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं के लोकार्पण और शिलान्यास किया.

इस अवसर पर ने कहा कि इन परियोजनाओं के लोकार्पण की मैं समस्त प्रदेश वासियों, विशेषरूप से लखनऊ वासियों को हार्दिक बधाई देता हूं. हमारे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी के नेतृत्व में जिस प्रकार से उत्तर प्रदेश का तेजी के साथ विकास हो रहा है. इसकी चर्चा केवल प्रदेश वासियों में ही नहीं होती, बल्कि भारत के दूसरे राज्यों में भी इसकी चर्चा होती है.

राजनाथ सिंह ने कहा कि कानपुर से लखनऊ तक हाईवे के निर्माण की मांग लंबे समय से हो रही थी और मैं इसके लिए नितिन गडकरी का आभार व्यक्त करना चाहता हूं कि उन्हें इसकी जानकारी जैसे मिली तो उन्होंने इसे तुरंत स्वीकृति दी.

एलिवेटेड रोड और मेट्रो की मिली मंजूरी

उन्होंने कहा कि आज मैं ये कहने आया हूं कि आपने बहुत कुछ दिया है और मैं आगे भी कुछ मांगूंगा तो आप उसे भी देने में देरी नहीं करेंगे. मैं आज एक और बात पर ध्यान आकर्षित करूंगा कि वर्तमान में लखनऊ में ट्रैफिक की समस्या दिख रही है.

राजनाथ सिंह ने कहा कि एयरपोर्ट जाने वालों को इसका सामना करना पड़ता है इसलिए आपसे आग्रह है कि लखनऊ एयरपोर्ट से आउटर रिंग रोड तक शहीद पद पर लगभग 23 किमी लंबे एलिवेटेड कॉरिडोर निर्माण हो, इस पर भी स्वीकृति प्रदान करें और उन्होंने इसे भी तुरंत स्वीकृत कर दिया, जो एलिवेटेड रोड बनेगी.

उन्होंने कहा कि इसके साथ ही उन्होंने इसके ऊपर मेट्रो रेल की बात कही, ताकि लखनऊ के लोगों को असुविधा नहीं है. इसे भी मान लिया गया है.

यूपी को 4,850 करोड़ की परियोजना की सौगात

फेसबुक पोस्ट में राजनाथ सिंह ने लिखा, लगभग 4200 करोड़ रुपए की लागत से निर्मित, 63 किलोमीटर लम्बी, 06 लेन चौड़ी यह सड़क, लखनऊ, कानपुर और उन्नाव तीनों जनपदों को एक सूत्र में पिरोती है. यह एक्सप्रेसवे बन जाने से लोग, कम समय में आरामदायक और सुरक्षित यात्रा कर सकेंगे.

लखनऊ और कानपुर, दोनों ही बड़े शहर हैं, ऐतिहासिक शहर हैं. एक ओर लखनऊ हमारी सांस्कृतिक और प्रशासनिक शक्ति का प्रतीक है, तो दूसरी ओर कानपुर हमारी औद्योगिक और आर्थिक क्षमता का प्रमुख केंद्र है. लखनऊ और कानपुर, दोनों उत्तर प्रदेश Defence Industrial Corridor के important nodes भी हैं. इस एक्सप्रेसवे से, छोटेछोटे कस्बों और गांवों तक भी विकास की रोशनी पहुंचेगी. मैं विश्वास के साथ कह सकता हूं, कि वर्तमान और आने वाली पीढ़ियों के लिए यह एक्सप्रेसवे वरदान साबित होगा.