डिनर के बाद पेट भारी और तनाव महसूस होता है? कैमोमाइल टी के फायदे और पीने का सही तरीका जानें

गंभीर या पुरानी कब्ज की समस्या केवल पाचन तंत्र को प्रभावित नहीं करती, बल्कि इसका असर व्यक्ति की रोजमर्रा की दिनचर्या और जीवन की गुणवत्ता पर भी पड़ सकता है। कब्ज होने पर पेट में भारीपन, गैस, ब्लोटिंग और मल त्याग में परेशानी जैसी समस्याएं हो सकती हैं। ऐसे में कई लोग बिना डॉक्टर की सलाह के बार-बार दवाओं, चूर्ण या घरेलू नुस्खों का सहारा लेने लगते हैं, जो हर व्यक्ति के लिए सुरक्षित या प्रभावी हों, यह जरूरी नहीं है। गलत खान-पान, पर्याप्त फाइबर और पानी की कमी, शारीरिक गतिविधि का अभाव और बिगड़ा हुआ लाइफस्टाइल कब्ज के प्रमुख कारणों में शामिल हो सकता हैं।

आयुर्वेद विशेषज्ञ एवं वर्धन आयुर्वेदिक एवं हर्बल्स मेडिसिन प्राइवेट लिमिटेड के प्रबंध निदेशक डॉ. सुभाष गोयल के मुताबिक, खान-पान और जीवनशैली में सुधार के साथ कुछ पारंपरिक उपाय पाचन को बेहतर रखने और मल त्याग को आसान बनाने में मदद कर सकते हैं। उन्होंने कब्ज से राहत के लिए रात में दूध के साथ एक चम्मच बादाम का तेल लेने और दूसरी ओर देसी घी में भुनी हरड़ का पाउडर लेने की सलाह दी है। हालांकि, इन उपायों को अपनाने से पहले व्यक्ति की उम्र, स्वास्थ्य स्थिति और पहले से चल रही दवाओं को ध्यान में रखना जरूरी है। आइए एक्सपर्ट से समझते हैं कि ये दोनों देसी उपाय कैसे कब्ज का इलाज करने में मदद करते हैं। लगातार या गंभीर कब्ज होने पर घरेलू नुस्खों के बजाय डॉक्टर की सलाह लेना बेहतर है। Also Readदिल के इलाज में भारी पड़ सकती थी ‘ब्लड थिनर’ दवा, डॉक्टरों ने बिना रिस्क ऐसे बचाई 77 साल के मरीज की जान

बादाम का तेल और दूध से करें कब्ज का इलाज

डॉक्टर सुभाष के अनुसार, कब्ज से राहत के लिए रात में सोने से पहले एक चम्मच बादाम का तेल दूध में मिलाकर पिये तो आपका सुबह उठते ही पेट साफ होगा। नियमित रूप से कुछ दिनों तक इसका सेवन करने से मल त्याग में आसानी हो सकती है और बार-बार कब्ज की दवाइयों या चूर्ण पर निर्भरता कम हो सकती है। मीठे बादाम का तेल (Sweet Almond Oil) पाचन तंत्र को सुचारू बनाकर कब्ज (Constipation) की समस्या से राहत दिलाने में मदद करता है। PubMed पर प्रकाशित एक मेडिकल समीक्षा के अनुसार, बादाम का तेल आंतों की गतिविधि (Bowel Transit) को तेज करता है, जिससे इरिटेबल बॉवेल सिंड्रोम (IBS-C) और सामान्य कब्ज के लक्षणों में कमी आती है। Also Readक्या केला खाने से होती है कब्ज की समस्या या मिलता है छुटकारा? जानिए डायटीशियन की राय

बादाम का तेल कब्ज कैसे दूर करता है? साइंटिफिक रीजन

मीठे बादाम के तेल में मौजूद फैटी एसिड एक नेचुरल लुब्रिकेंट की तरह काम करता हैं। यह कठोर मल को मुलायम बनाता है और आंतों की अंदरूनी दीवार को चिकना करता है, जिससे मल बिना किसी दर्द के आसानी से बाहर निकल जाता है। रिसर्च के अनुसार, मीठे बादाम के तेल में कुछ ऐसे तत्व होते हैं जो आंतों की तंत्रिकाओं (Intestinal Nerves) को उत्तेजित करते हैं। इससे पेरीस्टाल्सिस यानी आंतों की प्राकृतिक सिकुड़ने और फैलने की गति तेज होती है। यह आंतों में मौजूद अच्छे बैक्टीरिया (Microbiota) को बढ़ावा देता है, जिससे लंबे समय में पाचन क्रिया दुरुस्त होती है।

किस तरह करें सेवन

रोजाना रात को सोने से पहले 1 चम्मच यानी लगभग 5-10 ml मीठा बादाम रोगन (Sweet Almond Oil – Edible) का तेल एक गिलास गुनगुने दूध या पानी में मिलाकर लें तो सुबह उठते ही पेट आसानी से साफ होता है।

देसी घी में भुनी हरड़ का पाउडर कैसे कब्ज का करता है इलाज ?

देसी घी में भुनी हरड़ (Haritaki) का पाउडर आयुर्वेद में ‘कब्ज की अचूक दवा’ माना जाता है। आधुनिक वैज्ञानिक रिसर्च भी यह स्वीकार करती है कि हरड़ का यह कॉम्बिनेशन आंतों को बिना नुकसान पहुंचाए कब्ज दूर करता है। ये समाचार आप गज़ब वायरल में पढ़ रहे है। Journal of Ethnopharmacology और PubMed पर प्रकाशित रिसर्च के अनुसार, हरड़ में एन्थ्राक्विनोन ग्लाइकोसाइड्स और चेबुलिनिक एसिड पाए जाते हैं। ये तत्व आंतों की पेरीस्टाल्टिक मूवमेंट को तेज करते हैं, जिससे जमा हुआ मल आसानी से आगे बढ़ता है।

हरड़ का ज्यादा सेवन कई बार आंतों में ड्राइनेस बढ़ा सकता है, अगर उसका सेवन घी में भूनकर किया जाए तो घी के शॉर्ट-चेन फैटी एसिड्स आंतों की अंदरूनी परत की हिफाजत करते हैं और आंतों में जलन या मरोड़ नहीं होने देते। देसी घी एक बेहतरीन नेचुरल लूब्रीकेंट है। यह सूखे और कठोर मल को चिकना करता है, जिससे वह बिना किसी दर्द के बाहर निकल जाता है। हरड़ का काम आंतों में वर्षों से चिपके टॉक्सिन्स को ढीला करना है, जबकि घी इसे आसानी से बाहर निकालने में मदद करता है।

बनाने की विधि और सेवन का तरीका

छोटी हरड़ को 1-2 चम्मच शुद्ध देसी घी में धीमी आंच पर तब तक भूनें जब तक वह फूल न जाए। ठंडा होने पर इसे पीसकर बारीक पाउडर बना लें। कब्ज से निजात पाने के लिए आप रोजाना रात को सोने से पहले आधा चम्मच यानी लगभग 3 ग्राम पाउडर 1 गिलास गुनगुने पानी के साथ लें। इस पाउडर का सेवन करने से सुबह उठते ही आपका पेट साफ हो जाएगा।

डिस्क्लेमर: यह लेख डॉक्टर द्वारा बताए गए घरेलू उपायों और उपलब्ध जानकारी पर आधारित है। हरड़ या बादाम के तेल का सेवन हर व्यक्ति के लिए उपयुक्त हो, यह जरूरी नहीं है। खासकर गर्भवती महिलाएं, बच्चे, बुजुर्ग या किसी बीमारी से पीड़ित लोग इन्हें अपनाने से पहले डॉक्टर की सलाह लें।