Wardha Sindi Meghe Public Well Dispute: वर्धा शहर से सटे हुए सिंदी मेधे ग्रामपंचायत के अंतर्गत आनेवाले भांडेकर लेआऊट में इन दिनों कुआं चोरी होने की चर्चा को लेकर इन दिनों हड़कंप मच गया है। वर्षों से कुआ हमारे परिसर में ही था। लेकिन अचानक अब गायब हो गया है, ऐसा नागरिकों का आरोप है। संबंधित प्रशासन ने कुएं की खोजबीन कर देनी चाहिए, ऐसी मांग जोर पकड़ रही है। बारिश नहीं आने के कारण अनेक जगह पानी का जलस्तर नीचे चला गया है।

गजब है वर्धा का सिंदी मेघे! चोरों ने पार की शातिरपन की हदें, रातों-रात पूरा का पूरा ‘कुआं’ ही चुरा ले गए चोर​
गजब है वर्धा का सिंदी मेघे! चोरों ने पार की शातिरपन की हदें, रातों-रात पूरा का पूरा ‘कुआं’ ही चुरा ले गए चोर​

कुएं सुखने लगने तथा नल से आनेवाले पानी से जरूरत पूर्ण नहीं होने के कारण जलस्त्रोतों का महत्व बढ़ गया है। लोग पानी के लिए इधरउधर भटकते नजर आ रहे है। ऐसे हालात में शहर से सटे हुए सिंदी मेघे स्थित भांडेकर लेआऊट में सार्वजनिक कुआ चोरी होने की चर्चा से विविध चर्चाओं का बाजार गरमा गया है।

संबंधित प्लाट के मालिक ने ओपन स्पेस में स्थित इस सार्वजनिक कुएं को बुझा दिया, ऐसा आरोप है। नागरिकों का कहना है कि, वर्षों से कुएं के पानी का हम उपयोग करते आएं है। लेकिन बिना किसी को विश्वास में न लेते हुए कुआ बुझा दिया गया है।

हमारा सार्वजनिक कुआ वापस दिलाएं स्थानीय प्रशासन

के भांडेकर लेआऊट हनुमानजी मंदिर के पिछे स्थित ओपन स्पेस में यह कुआ था। वर्षों से इस कुएं के पानी का हम उपयोग करते आएं है। भीषण गर्मी का मौसम शुरू है। पानी के लिए सर्वत्र मारामार है। ऐसे में नागरिकों को विश्वास में न लेते हुए सार्वजनिक कुएं को बुझाना गलत है। प्रशासन ने खोजबीन कर हमारा कुआ हमें वापस देना चाहिए

– वर्धा के नागरिक, धीरज चव्हाण

कुआ बुझाना लोगों के लिए अन्यायकारक

वर्षों से हम इस से पानी भरते आ रहे है। लेकिन अचानक कुएं को बुझा दिया गया। प्रशासन तथा स्थानीय नागरिकों को विश्वास में लेना जरूरी था। नियमों को ताक पर रखकर कुआ बुझाना अन्यायकारक है।

वर्धा के नागरिक,अतुल तपासे