रिलायंस इंडस्ट्रीज अब गारमेंट और इलेक्ट्रॉनिक्स आइटम का निर्माण कर उन्हें सीधे अपने स्टोर में बेचेगी, जिससे ग्राहकों को कम दाम पर सामान मिलेगा। कंपनी कृषि उत्पादों के लिए भी बैकएंड सुविधाएँ विकसित करेगी और निर्यात पर भी ध्यान देगी, जिसका असर 20,000 से अधिक स्टोर्स पर दिखेगा।

गारमेंट और इलेक्ट्रानिक्स आइटम के रिटेल स्टोर को रिलायंस इंडस्ट्रीज कड़ी टक्कर देने जा रही है। रिलायंस इन उत्पादों की मैन्यूफैक्चरिंग कर उसे सीधा अपने स्टोर में बेचेगी। इससे ग्राहकों को अन्य रिटेल स्टोर के मुकाबले कम दाम पर ये सामान मिलेंगे। इन आइटम का रिलायंस निर्यात भी करेगी। रिलायंस मैन्यूफैक्चरिंग और एक्सपोर्ट के लिए दो प्लेटफार्म बनाने जा रही है। शुक्रवार को रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड की आम सभा में कंपनी की तरफ से यह जानकारी दी गई।

मुख्य रूप से आम उपभोक्ताओं से जुड़े सामान जैसे कि प्रोसेस्ड फूड्स, गारमेंट व टीवी, फ्रिज जैसे इलेक्ट्रानिक्स आइटम का निर्माण कंपनी करने जा रही है। इन आइटम की बिक्री रिलायंस के स्टोर के जरिये होगी। कंपनी सूत्रों का कहना है कि गारमेंट मैन्यूफैक्चरिंग के लिए देशभर में 21 क्लस्टर तैयार किए जा रहे हैं। पहले से मैन्यूफैक्चरिंग कर रहे क्लस्टर से भी संपर्क किया जा रहा है। इसी प्रकार से प्रोसेस्ड फूड्स और टीवी व फ्रिज जैसे इलेक्ट्रानिक्स आइटम की मैन्यूफैक्चरिंग के लिए भी क्लस्टर तैयार किए जा रहे हैं या फिर पहले से इनके निर्माण में जुटे क्लस्टर से संपर्क किया जा सकता है। मैन्यूफैक्चरिंग के बाद उसे स्टोर में लाकर बिक्री करने से बाजार के मुकाबले इन आइटम की कीमत कम होगी।

आम चलन के मुताबिक किसी आइटम को निर्माता से उसे बड़े डीलर खरीदते हैं, फिर थोक विक्रेता बड़े डीलर से उसे खरीदता है और फिर खुदरा विक्रेता उसे खरीदकर ग्राहकों को बेचता है। ऐसे में उस आइटम की कीमत अधिक हो जाती है। रिलायंस के स्टोर में ये आइटम इसलिए सस्ते होंगे क्योंकि कंपनी खुद निर्माण करेगी और उसे अपने स्टोर में बेचेगी।

कृषि संबंधित आइटम को तैयार करने के लिए बैक एंड सुविधा तैयार करेगीकंपनी कृषि से जुड़े उत्पादों का भी निर्माण करेगी। अभी देश में 2530 प्रतिशत खाद्य वस्तुएं कोल्ड चेन, स्टोरेज जैसी बैकएंड सुविधा के अभाव में बर्बाद हो जाती हैं। रिलायंस कृषि संबंधित आइटम को तैयार करने के लिए बैक एंड सुविधा तैयार करेगी। रिलायंस रिटेल के देशभर में 20,000 से अधिक स्टोर हैं। इलेक्ट्रानिक्स आइटम, गारमेंट्स और खानेपीने के सामान की बिक्री खुदरा स्तर पर बड़ी मात्रा में होती है।