
Prajogo Pangestu Valuation: इंडोनेशिया के एक दिग्गज कारोबारी को जोरदार झटका लगा है। दरअसल, वैश्विक सूचकांक प्रदाता एमएससीआई (MSCI) ने कुछ इंडोनेशियाई कंपनियों के वैल्यूएशन और शेयरधारक संरचना को लेकर चिंता जताई थी। इस रिपोर्ट के सामने आने के बाद इंडोनेशियाई शेयर बाजार में भारी बिकवाली देखी गई। इसके चलते एक ही दिन में देश के अमीरों की संपत्तियों के वैल्यूएशन में करीब 22 बिलियन डॉलर का नुकसान हो गया।
हालांकि, सबसे ज्यादा नुकसान इंडोनेशिया के अमीर व्यक्ति प्रजोगो पंगेस्टु (Prajogo Pangestu) को उठाना पड़ा। एनर्जी और माइनिंग सेक्टर में सक्रिय उनकी कंपनियों के शेयरों और कुल पूंजीकरण में करीब 9 बिलियन डॉलर, यानी लगभग 8.27 लाख करोड़ रुपये की भारी गिरावट आई।
अब कितनी बच गई कुल संपत्ति?
ब्लूमबर्ग बिलियनेयर्स इंडेक्स के अनुसार, प्रजोगो पंगेस्टु की कुल संपत्ति अब घटकर 31 बिलियन डॉलर रह गई है। ये खबर आप गज़ब वायरल में पढ़ रहे हैं। सिर्फ इसी साल उनकी संपत्ति में करीब 15 बिलियन डॉलर की कमी आ चुकी है। प्रजोगो की एनर्जी कंपनी बैरिटो पैसिफिक (Barito Pacific) में 71 प्रतिशत हिस्सेदारी है, जबकि कोयला और सोने के कारोबार से जुड़ी कंपनी पेट्रिंडो जया क्रियासी (Petrindo Jaya Kreasi) में उनकी हिस्सेदारी 84 प्रतिशत है। एक ही दिन में इन दोनों कंपनियों के शेयरों में करीब 12 प्रतिशत तक की गिरावट दर्ज की गई।
इस अमीर कारोबारी के फैमिली ऑफिस ने बयान जारी कर कहा है कि वे एमएससीआई की रिपोर्ट और टिप्पणियों की समीक्षा कर रहे हैं और सभी संबंधित पक्षों के साथ लगातार बातचीत बनाए रखेंगे।
शेयर बाजार में क्यों हुई बिकवाली?
शेयर बाजार में यह तेज प्रतिक्रिया एमएससीआई की उस रिपोर्ट के बाद देखने को मिली, जिसमें इंडोनेशिया के शेयरधारक रिपोर्टिंग नियमों पर सवाल उठाए गए हैं। रिपोर्ट के अनुसार, निवेशकों का मानना है कि मौजूदा नियमों के कारण कंपनियों की स्वामित्व संरचना स्पष्ट नहीं रहती, जिससे अनुचित ट्रेडिंग का जोखिम बढ़ सकता है।
MSCI रिपोर्ट में से क्यों हिला बाजार?
एमएससीआई ने उन कंपनियों को लेकर लंबे समय से चली आ रही चिंताओं की ओर भी इशारा किया है, जहां शेयरों पर नियंत्रण कुछ गिने-चुने लोगों या किसी एक व्यक्ति के हाथ में होता है। इस तरह का अत्यधिक केंद्रीकृत स्वामित्व इंडोनेशिया और एशिया के अन्य हिस्सों में कुछ सबसे बड़ी व्यक्तिगत संपत्तियों के निर्माण का आधार रहा है।


