यूपी के झांसी में एक युवक की इंस्टाग्राम पर राजस्थान की युवती से दोस्ती हुई. परिवार से जिद के बाद मंदिर में उनकी शादी कराई गई. लेकिन महज छह महीने में इस कहानी का ऐसा खौफनाक अंत हुआ जिसने दो परिवारों को गहरे शोक में डुबो दिया. आइये जानते हैं पूरी कहानी…. दरअसल, कोतवाली थाना क्षेत्र स्थित सागर गेट बाहर एक 19 वर्षीय युवक ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली. युवक की मौत की खबर सुनकर पड़ोस की एक 80 वर्षीय बुजुर्ग महिला की सदमे से मौत हो गई. यह घटना पूरे इलाके में चर्चा और गम का कारण बनी हुई है.
मृतक का नाम ध्रुवराज कुशवाहा है. ध्रुवराज की पहचान इंस्टाग्राम के जरिए प्रीति नामक युवती से हुई थी, जो राजस्थान के जयपुर जिले के चूरू क्षेत्र की रहने वाली है. बातचीत बढ़ी तो दोनों में प्रेम संबंध हो गए. परिजनों के विरोध के बावजूद ध्रुवराज शादी पर अड़ा रहा और आत्महत्या की धमकी देने लगा. ये खबर आप गज़ब वायरल में पढ़ रहे हैं। मजबूर होकर परिवार ने मई 2025 में मंदिर में दोनों की शादी करा दी.
शादी के बाद बढ़ती मांगें और विवाद
परिजनों का आरोप है कि- शादी के बाद से ही प्रीति की आर्थिक मांगें लगातार बढ़ती गईं. वह महंगे कपड़े, शॉपिंग, घूमने-फिरने और बाहर खाने की जिद करती थी, जबकि ध्रुवराज की आमदनी सीमित थी. इसी बात को लेकर पति-पत्नी के बीच अक्सर विवाद होने लगे. मृतक की बहन विशाखा कुशवाहा ने बताया कि- पत्नी आए दिन ध्रुवराज को ज्यादा पैसे कमाने का दबाव बनाती थी और धमकी देती थी कि पैसे नहीं दिए तो दूसरी शादी कर लेगी.
मायके चली गई पत्नी, फोन पर आखिरी झगड़ा
परिजनों के अनुसार हालात इतने बिगड़ गए कि 13–14 दिसंबर को प्रीति अपने मायके चली गई और वापस नहीं लौटी. बीते सोमवार को फोन पर दोनों के बीच फिर झगड़ा हुआ. गुस्से में ध्रुवराज ने कहा कि अगर उसकी बात नहीं मानी गई तो वह फांसी लगा लेगा. आरोप है कि पत्नी ने जवाब में कहा- ‘तो लगा लो फांसी…’ आखिर में इसी मानसिक प्रताड़ना से टूटकर ध्रुवराज ने यह आत्मघाती कदम उठा लिया.
कामाख्या देवी दर्शन को गया था परिवार,
घर पर था अकेला ध्रुवराज के पिता रामबाबू, मां और दोनों बहनें विशाखा और प्रिंसी 7 जनवरी को कामाख्या देवी मंदिर दर्शन के लिए गए थे. उन्होंने ध्रुवराज से भी चलने को कहा था, लेकिन वह तैयार होने के बाद भी नहीं गया. परिजनों का कहना है कि- पत्नी ने फोन कर उसे जाने से मना किया था. परिवार की लगातार उससे फोन पर बात हो रही थी. सोमवार को आखिरी बार बातचीत हुई, इसके बाद दो दिन से उसका मोबाइल स्विच ऑफ आ रहा था.
बुधवार को घर लौटे परिजन,
कमरे में लटका मिला शव बुधवार सुबह जब परिवार दर्शन कर लौटकर घर पहुंचा तो ताला खोलते ही अंदर का नजारा देखकर सबके होश उड़ गए. ध्रुवराज कमरे में फांसी के फंदे पर लटका हुआ मिला. घटना की सूचना तुरंत पुलिस को दी गई. कोतवाली थाना पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजते हुए जांच शुरू कर दी है.
नाम की गलतफहमी बनी दूसरी मौत की वजह
इसी दर्दनाक घटना से जुड़ा एक और हृदयविदारक हादसा सामने आया, जहां पड़ोस में रहने वाले रामबाबू की 80 वर्षीय मां बेनीबाई की भी सदमे से मौत हो गई. बेनीबाई के बेटे रामबाबू ने बताया कि उनके मोहल्ले में ध्रुवराज के पिता का नाम भी रामबाबू है. जब खबर फैली कि “रामबाबू के लड़के ने फांसी लगा ली”, तो नाम एक होने के कारण बेनीबाई को यह भ्रम हो गया कि यह घटना उनके बेटे के परिवार में हुई है. इस सदमे को वह सहन नहीं कर सकीं और अचानक तबीयत बिगड़ने से उनकी मौत हो गई.



