
एटा। होली की खुशियां उस समय मातम में बदल गईं जब सोरों क्षेत्र के एक युवक को रंग खेलते समय अचानक हृदयाघात आ गया। हालत बिगड़ने पर स्वजन उसे पहले कासगंज ले गए, जहां से बेहतर इलाज की उम्मीद में एक अस्पताल से दूसरे अस्पताल तक भागदौड़ करते रहे। लेकिन होली की छुट्टियां होने की वजह से पर्याप्त उपचार नहीं मिल सका। बुधवार की आधी रात को उसे मेडिकल कालेज की इमरजेंसी में भर्ती कराया गया, लेकिन करीब 10 मिनट चले उपचार के बाद भी चिकित्सक उसे बचा नहीं सके।
जनपद कासगंज थाना सोरों क्षेत्र के गांव तोलकपुर निवासी प्रदीप कुमार 36 वर्ष की हृदयाघात से बुधवार की रात एक बजे मौत हुई है। इनके साले प्रेम कुमार ने बताया कि बुधवार की शाम सात बजे होली का जश्न चल रहा था, इसी दौरान सीने में दर्द और घबराहट होने लगी थी।
इसको भीगने की वजह से सामान्य रूप में लिया गया, लेकिन धीरे-धीरे घबराहट बढ़ती चली गई, तब निजी अस्पताल में ले गए। वहां से कासगंज भेज दिया गया। ये खबर आप गज़ब वायरल में पढ़ रहे हैं। कई अस्पतालों में दौड़ लगाई, लेकिन होली का त्योहार होने की वजह से चिकित्सक व स्वास्थ्य कर्मी नहीं मिले।
रात करीब साढ़े बारह बजे प्रदीप को मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी में भर्ती कराया गया। यहां चिकित्सकों ने उपचार शुरू किया, लेकिन लगभग 10 मिनट के प्रयास के बावजूद उनकी जान नहीं बचाई जा सकी। प्रदीप की तीन बेटियां हैं, जो अब अनाथ हो गई हैं। परिवार के सदस्य इस दुखद घटना से अत्यंत आहत हैं।
स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहें: सीएमएस
सीएमएस डा. सुरेश चंद्रा ने बताया कि त्योहारों के दौरान अधिक थकान, अनियमित खानपान, नशा और अत्यधिक शारीरिक गतिविधि के कारण हृदय रोगियों को विशेष सावधानी बरतनी चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि अचानक सीने में दर्द, सांस लेने में दिक्कत, पसीना आना या घबराहट जैसे लक्षणों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। ऐसे लक्षण दिखते ही तुरंत अस्पताल पहुंचना आवश्यक है।





