45 साल छोटा बॉयफ्रेंड… 82 की उम्र में महिला पर सवार प्यार का भूत, इस प्रेम कहानी आगे सिनेमा भी हुआ फेल!


कहते हैं प्यार अंधा होता है, लेकिन क्या वह उम्र की सीमा से भी परे होता है? अक्सर जब हम किसी के प्यार में होते हैं, तो हमें उस शख्स के सिवा कुछ और दिखाई नहीं देता न रंग-रूप, न कमियां और न ही कैलेंडर की तारीखें. हाल ही में एक ऐसी ही प्रेम कहानी सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बनी है, जिसने दुनिया भर के लोगों को दांतों तले उंगली दबाने पर मजबूर कर दिया है. यह कहानी है एक 82 साल की बुजुर्ग महिला और 36 साल के एक नौजवान की, जिन्होंने अपनी उम्र के 45 साल के फासले को ठेंगा दिखाते हुए शादी रचा ली. आइए जानते हैं इस बेमेल जोड़ी के इश्क की पूरी दास्तां.

कैसे शुरू हुई ‘अजब-गजब’ प्रेम कहानी?
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, ब्रिटेन की रहने वाली 82 साल की आइरिस जोंस और मिस्र (इजिप्ट) के 36 साल के मोहम्मद इब्राहिम की मुलाकात जब हुई, तो किसी ने नहीं सोचा था कि यह रिश्ता शादी तक पहुंचेगा. आइरिस एक पेंशनभोगी बुजुर्ग महिला हैं, जबकि मोहम्मद उनसे आधी उम्र से भी छोटे हैं. दोनों के बीच प्यार परवान चढ़ा और उन्होंने शादी का फैसला कर लिया. हालांकि, शादी के बाद भी उनकी राहें आसान नहीं थीं. मोहम्मद को वीजा मिलने में काफी देरी हुई, जिसके कारण दोनों को लंबे समय तक एक-दूसरे से दूर रहना पड़ा. लेकिन कहते हैं न कि ‘अंत भला तो सब भला’, आखिरकार मोहम्मद को वीजा मिला और वे अपनी पत्नी आइरिस के पास ब्रिटेन पहुंच गए.

क्या लॉकडाउन और समाज के ताने इस रिश्ते को तोड़ पाए?
मोहम्मद और आइरिस के लिए यह सफर किसी अग्निपरीक्षा से कम नहीं था. कोरोना काल के लॉकडाउन और वीजा की कानूनी अड़चनों की वजह से दोनों सालों तक सिर्फ फोन कॉल और मैसेज के जरिए ही एक-दूसरे से जुड़े रहे. जब मोहम्मद को वीजा मिला और उन्होंने आइरिस को यह खबर दी, तो दोनों की आंखों से खुशी के आंसू छलक पड़े. हालांकि, समाज ने उन्हें कभी चैन से जीने नहीं दिया. 45 साल के अंतर के कारण मोहम्मद पर अक्सर ‘वीजा के लालच’ और ‘पैसों के लालच’ का आरोप लगाया गया, तो वहीं आइरिस को बुढ़ापे में प्यार करने के लिए ताने मिले. लेकिन क्या दुनिया जानती है कि मोहम्मद खुद एक सफल बिजनेसमैन हैं और उनका अपना बंगला है?

क्या अब साथ मिलकर क्रिसमस मना पाएगा यह बेमेल जोड़ा?
तमाम आलोचनाओं के बावजूद, यह जोड़ा अब अपने शादीशुदा जीवन का आनंद ले रहा है. आइरिस को सबसे बड़ा डर यह था कि इस उम्र में उन्हें क्रिसमस जैसा बड़ा त्योहार अकेले मनाना पड़ेगा, क्योंकि उनके बेटे और रिश्तेदार उनसे दूर हो चुके थे. ये खबर आप गज़ब वायरल में पढ़ रहे हैं। लेकिन अब मोहम्मद के ब्रिटेन आने के बाद आइरिस की ये चिंता खत्म हो गई है. दोनों इस साल साथ मिलकर क्रिसमस और नए साल का जश्न मनाएंगे. लुइसा और मोहम्मद का मानना है कि उनका रिश्ता किसी फायदे या लालच पर नहीं, बल्कि शुद्ध प्रेम पर आधारित है. उनकी यह कहानी साबित करती है कि अगर इरादे पक्के हों, तो प्यार हर अड़चन को पार कर ही लेता है.

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