Mother’s Day Special: भारत की वो डिशेज जिनमें आज भी छिपी है मां की ममता, घर पर बनाना भी आसान​

Mother’s Day Special: मां एक ऐसी हस्ती है, जिसके आगे सबकुछ फीका है. क्योंकि मां सिर्फ एक रिश्ता नहीं होता, बल्कि वह पूरे परिवार की ताकत और सबसे बड़ा सहारा होती हैं. वो दिन रात हमारे लिए ही काम करती रहती है. फिर चाहे कपड़े धोना हो, होमवर्क कराना हो, या फिर खाना बनाना हो. मां के हाथ के खाने का स्वाद ही अलग होता है. ये खबर आप गज़ब वायरल में पढ़ रहे हैं। इसका मुकाबला कोई भी शेफ नहीं कर सकता. लेकिन कई बार पढ़ाई या फिर करियर की वजह से बच्चों को अपने घर से अलग रहना पड़ता है, जिसके बाद सबसे ज्यादा याद मां के हाथ खाना ही आता है. कई डिशेज तो ऐसी हैं, जिन्हें देखकर ही मां की याद आ जाती है.

Mother’s Day Special: भारत की वो डिशेज जिनमें आज भी छिपी है मां की ममता, घर पर बनाना भी आसान​

चाहे बीमार होने पर मां के हाथ की खिचड़ी हो, त्योहारों पर बनने वाला मीठा हलवा या सफर से लौटने पर गर्मागर्म पराठे, हर डिश अपने साथ प्यार और अपनापन लेकर आती है. यही वजह है कि भारतीय खाने की पहचान सिर्फ मसालों से नहीं, बल्कि उसमें घुले प्यार और अपनेपन से होती है. चलिए मदर्स डे के खास मौके पर जानते हैं ऐसी ही कुछ डिशेज के बारे में जिनमें छुपा है मां का प्यार और इन्हें घर पर बनाने की रेसिपी.

मां के हाथ के आलू के पराठे कैसे बनाएं

सुबहसुबह नाश्ते में मां के हाथ के बने आलू के पराठें खाने का अपना अलग ही मजा होता है. लेकिन घर से दूर रहने वाले बच्चों को इनका स्वाद खूब याद आता है. लेकिन अच्छी बात ये है कि आप खुद भी मां के हाथ के आलू के पराठे बना सकती हैं. इसके लिए सबसे पहले उबले हुए आलू को अच्छी तरह मैश कर लें. इसमें बारीक कटी हरी मिर्च, धनिया, नमक, लाल मिर्च, गरम मसाला और थोड़ा अमचूर डालकर स्टफिंग तैयार करें. अब गेहूं के आटे में थोड़ा नमक डालकर नरम आटा गूंध लें. छोटी लोई बेलकर उसमें आलू की स्टफिंग भरें और हल्के हाथ से पराठा बेल लें. गर्म तवे पर घी या तेल लगाकर दोनों तरफ से सुनहरा और कुरकुरा होने तक सेकें. दही, मक्खन या अचार के साथ गरमागरम खाएं.

मां के हाथ का हलवा

हर त्योहार या खुशी को सेलिब्रेट को करने के लिए मां अक्सर हलवा बनाया करती है. अगर आपको उस हलवे का याद आ रही है तो आप इसे खुद भी बना सकती हैं. इसके लिए सबसे पहले कढ़ाही में घी गर्म करें और उसमें सूजी या गेहूं का आटा डालकर धीमी आंच पर सुनहरा होने तक भूनें. जब खुशबू आने लगे तो इसमें धीरेधीरे पानी या दूध डालें और लगातार चलाते रहें ताकि गुठलियां न बनें. इसके बाद चीनी डालकर अच्छी तरह मिलाएं. ऊपर से इलायची पाउडर और ड्राई फ्रूट्स डालें. कुछ मिनट पकाने के बाद हलवा तैयार हो जाएगा. इसे गरमागरम सर्व करें.

मां के हाथ के भरवा बैंगन

छोटे बैंगनों को धोकर बीच में चीरा लगाएं लेकिन पूरा अलग न करें. अब एक बाउल में भुना बेसन, धनिया पाउडर, सौंफ, हल्दी, लाल मिर्च, नमक और थोड़ा तेल मिलाकर मसाला तैयार करें. इस मसाले को बैंगनों के अंदर भर दें. कढ़ाही में तेल गर्म करें और बैंगनों को धीमी आंच पर ढककर पकाएं. बीचबीच में पलटते रहें ताकि मसाला अच्छे से पक जाए. जब बैंगन नरम हो जाएं और मसाला अच्छी तरह भुन जाए तो तैयार भरवा बैंगन रोटी या पराठे के साथ खाने में काफी स्वादिष्ट लगता है.

मां के हाथ की कढ़ी पकौड़ा

कढ़ी पकौड़ा के स्वाद भी मां जैसा कोई नहीं दे सकता. इसे बनाने के लिए दही और बेसन को अच्छे से फेंट लें, फिर उसमें पानी मिलाकर पतला घोल तैयार करें. अब कढ़ाही में तेल गर्म करके मेथी दाना, जीरा और करी पत्ता का तड़का लगाएं. इसमें दहीबेसन का घोल डालें और धीमी आंच पर पकने दें. पकौड़े बनाने के लिए बेसन में नमक, प्याज और मसाले मिलाकर घोल तैयार करें और छोटेछोटे पकौड़े तल लें. तैयार पकौड़ों को कढ़ी में डालकर कुछ देर उबालें. ऊपर से लाल मिर्च और घी का तड़का लगाकर चावल के साथ सर्व करें.

मां के हाथ का आलू दम

मां जब दम आलू बनाती थी तो सभी उंगलिया चांट लेते थे. इसे आप भी ट्राई कर सकती हैं. इसके लिए छोटे आलू उबालकर हल्का फ्राई कर लें. अब कढ़ाही में तेल डालकर प्याज, अदरकलहसुन का पेस्ट और टमाटर भूनें. इसमें हल्दी, लाल मिर्च, धनिया पाउडर और गरम मसाला डालकर मसाला तैयार करें. फिर फ्राई किए हुए आलू डालें और मसाले में अच्छी तरह मिलाएं. थोड़ा पानी डालकर धीमी आंच पर पकने दें ताकि आलू में मसालों का स्वाद अच्छी तरह समा जाए. ऊपर से हरा धनिया डालकर पूरी या पराठे के साथ खाएं.

Leave a Reply