आंध्र प्रदेश के पुट्टपर्थी में शुक्रवार को भारत के महत्वाकांक्षी एडवांस मीडियम कॉम्बैट एयरक्राफ्ट प्रोजेक्ट की आधारशिला रखी गई। यह प्रोजेक्ट भारत की रक्षा क्षमता को नई ऊंचाई देने वाला माना जा रहा है। कार्यक्रम में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू और मंत्री नारा लोकेश मौजूद रहे। इस परियोजना को भारत के आत्मनिर्भर भारत मिशन की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।

AMCA प्रोजेक्ट को लगभग ₹15,803 करोड़ की लागत से विकसित किया जाएगा। यह भारत के स्वदेशी रक्षा और एयरोस्पेस सेक्टर के लिए बेहद अहम परियोजना है। सरकार का मानना है कि इससे देश में हाईटेक डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग को मजबूती मिलेगी और रक्षा क्षेत्र में नई तकनीकों का विकास होगा। इस प्रोजेक्ट से करीब 7,500 लोगों को रोजगार मिलने की उम्मीद जताई गई है। इससे स्थानीय स्तर पर नौकरियों के नए अवसर भी पैदा होंगे।
क्या है AMCA प्रोग्राम?
AMCA यानी एडवांस मीडियम कॉम्बैट एयरक्राफ्ट भारत का अगली पीढ़ी का स्वदेशी स्टेल्थ फाइटर जेट प्रोग्राम है। इसका उद्देश्य भारतीय वायुसेना को आधुनिक तकनीक से लैस उन्नत लड़ाकू विमान उपलब्ध कराना है। यह फाइटर जेट आधुनिक स्टेल्थ टेक्नोलॉजी, एडवांस्ड हथियार प्रणाली और हाईस्पीड क्षमता से लैस होगा। विशेषज्ञों के मुताबिक इससे भारतीय वायुसेना की ताकत कई गुना बढ़ जाएगी।
ड्रोन सिटी इनिशिएटिव के तहत कई और परियोजनाएं शुरू
AMCA प्रोजेक्ट के साथसाथ ड्रोन सिटी इनिशिएटिव के अंतर्गत कई अन्य रक्षा परियोजनाओं की भी शुरुआत की गई। ये खबर आप गज़ब वायरल में पढ़ रहे हैं। इनका उद्देश्य भारत में ड्रोन टेक्नोलॉजी और एडवांस्ड डिफेंस सिस्टम को बढ़ावा देना है। सरकार चाहती है कि भारत भविष्य में रक्षा तकनीक और ड्रोन निर्माण के क्षेत्र में वैश्विक स्तर पर मजबूत पहचान बनाए।
रक्षा प्रदर्शनी ने खींचा ध्यान
कार्यक्रम के दौरान रक्षा मंत्री और अन्य नेताओं ने एक रक्षा प्रदर्शनी का भी निरीक्षण किया। इसमें आधुनिक रक्षा तकनीक, ड्रोन सिस्टम और एयरोस्पेस से जुड़े कई मॉडल और उपकरण प्रदर्शित किए गए।





