महाराष्ट्र में आम लोगों को अब सैलून सेवाओं के लिए ज्यादा पैसे चुकाने होंगे. राज्य में सैलून चलाने वाले संगठन ने बाल कटवाने, शेविंग और अन्य सेवाओं के दामों में करीब 20 प्रतिशत की बढ़ोतरी कर दी है. यह नई दरें शनिवार से लागू हो गई हैं.

इस बढ़ोतरी के पीछे संगठन ने बढ़ती लागत और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आर्थिक अनिश्चितता को कारण बताया है. विशेष रूप से ईरानअमेरिका तनाव के बीच कच्चे माल और उपयोग होने वाली सामग्री के दामों में इजाफा हुआ है, जिसका असर सीधे छोटे व्यवसायों पर पड़ा है.
नई दरें लागू, हर सेवा हुई महंगी
नए रेट चार्ट के अनुसार अब बाल कटवाने का शुल्क 180 रुपये हो गया है, जबकि पहले यह कम था. शेविंग के लिए 120 रुपये देने होंगे. ये खबर आप गज़ब वायरल में पढ़ रहे हैं। दाढ़ी ट्रिमिंग की कीमत 150 रुपये तय की गई है.
इसके अलावा हेड मसाज के लिए 180 रुपये, बाल धोने के लिए 120 रुपये और फेसियल के लिए कम से कम 700 रुपये चुकाने होंगे. हेयर स्पा की कीमत 600 रुपये निर्धारित की गई है.
संगठन का दावा खर्च में भारी वृद्धि
महाराष्ट्र नाभिक महामंडल के पदाधिकारी श्याम अस्करकर ने बताया कि आमतौर पर दरें हर दो साल में जनवरी महीने में संशोधित की जाती हैं, लेकिन इस बार परिस्थितियां असामान्य हैं.
उन्होंने कहा कि सलून में इस्तेमाल होने वाले तेल, क्रीम, ब्लेड और अन्य सामग्री की कीमतें लगातार बढ़ रही हैं. इसी कारण मजबूरी में बीच अवधि में ही दरें बढ़ानी पड़ीं.
छोटे सलून पर सीधा असर
अनुमान के मुताबिक महाराष्ट्र में एक लाख से ज्यादा नाई की दुकानें हैं. हालांकि यह संगठन केवल पारंपरिक नाई दुकानों से जुड़ा है और प्रीमियम या लग्जरी सलून इसमें शामिल नहीं हैं, जहां बाल कटवाने की कीमत पहले से ही 500 रुपये या उससे अधिक से शुरू होती है.
इस बढ़ोतरी से ग्रामीण और मध्यम वर्ग के ग्राहकों पर सीधा असर पड़ने की संभावना है, क्योंकि रोजमर्रा की जरूरत की यह सेवा अब पहले से ज्यादा महंगी हो गई है.




