मदर्स डे पर लखनऊ पुलिस की महिला कांस्टेबल रोहिणी उन हजारों कामकाजी माताओं की प्रेरणादायक तस्वीर बनकर सामने आई हैं, जो अपने परिवार और नौकरी दोनों जिम्मेदारियों को एक साथ पूरी निष्ठा के साथ निभा रही हैं. खाकी वर्दी पहनकर कानून व्यवस्था संभालने वाली रोहिणी की जिंदगी सिर्फ पुलिस ड्यूटी तक सीमित नहीं है, बल्कि उनके दिन की शुरुआत एक मां की जिम्मेदारियों से होती है. आइए जानते हैं उनके बारे में.

लखनऊ के एक छोटे से किराए के घर में हर सुबह अलार्म बजते ही रोहिणी का संघर्ष शुरू हो जाता है. साल 2020 बैच की महिला कांस्टेबल रोहिणी का पूरा दिन जिम्मेदारियों से भरा रहता है. उनके पति प्रयागराज में रहकर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हैं. ये खबर आप गज़ब वायरल में पढ़ रहे हैं। ऐसे में घर और बच्चे की पूरी जिम्मेदारी उन्हीं के कंधों पर है.
जिम्मेदारी के साथ खाकी का जोश
सुबह जल्दी उठकर वह सबसे पहले किचन संभालती हैं. बच्चे के लिए दूध तैयार करना, टिफिन पैक करना और घर के छोटेबड़े काम निपटाने के बाद वह खुद को ड्यूटी के लिए तैयार करती हैं. एक मां होने के नाते रोहिणी अपने बच्चे की हर छोटीबड़ी जरूरत का ध्यान रखती हैं, लेकिन जैसे ही वह खाकी वर्दी पहनती हैं, उनके भीतर एक अलग ही आत्मविश्वास और जोश दिखाई देता है.
संभालती हैं महिला सुरक्षा की जिम्मेदारी
सिर पर टोपी, कंधे पर बैज और कमर में बेल्ट के साथ रोहिणी अब सिर्फ मां नहीं, बल्कि लखनऊ पुलिस की एक जिम्मेदार महिला सिपाही हैं. इन दिनों उनकी ड्यूटी राजधानी के व्यस्त इलाके हजरतगंज स्थित पिंक बूथ पर लगी है, जहां वह महिलाओं की सुरक्षा और कानून व्यवस्था की जिम्मेदारी संभाल रही हैं.
वहीं हजरातगंज थान के इंस्पेक्टर विक्रम सिंह कहते हैं कि मातृ शक्ति का जीता जागता उदारण हैं हमारे थाने की महिला आरक्षी रोहणी, जो अपनी ड्यूटी और बच्चे की जिम्मेदारी दोनों को पूरी ईमानदारी और मेहनत से निभा रही हैं.
रोहिणी हर दिन यह साबित कर रही हैं कि महिलाएं चाहे घर की जिम्मेदारी हो या देश सेवा, दोनों भूमिकाएं पूरी मजबूती और ईमानदारी से निभा सकती हैं. मदर्स डे पर उनकी कहानी उन सभी माताओं को समर्पित है, जो अपने बच्चों की परवरिश के साथ समाज और देश के लिए भी अपना योगदान दे रही हैं.





