नई दिल्ली: दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने देश में लगातार हो रहे पेपर लीक के मामलों को लेकर एक बार फिर केंद्र और संबंधित राज्य सरकारों पर तीखा हमला बोला है। सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए केजरीवाल ने इस समस्या को केवल प्रशासनिक विफलता नहीं, बल्कि एक बड़ा राष्ट्रीय अपराध करार दिया है।

‘7 करोड़ युवाओं के भविष्य से खिलवाड़’
मुख्यमंत्री ने आंकड़ों का हवाला देते हुए कहा कि हर साल देश के लगभग 7 करोड़ युवा इंजीनियरिंग, मेडिकल और सरकारी नौकरियों की परीक्षाओं के लिए दिनरात मेहनत करते हैं। लेकिन, राजनीतिक संरक्षण में फलफूल रहे पेपर लीक गिरोह इन युवाओं के भरोसे और उनके हौसले को बेरहमी से तोड़ रहे हैं।
‘देश के दुश्मन हैं माफ़िया और नेता’
केजरीवाल ने इस पूरे नेटवर्क पर निशाना साधते हुए कहा कि पेपर लीक में शामिल माफिया और उन्हें पीछे से शह देने वाले नेता असल में ‘देश के दुश्मन’ हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि ये लोग मिलकर देश की नींव को खोखला कर रहे हैं और वर्तमान सरकारें भी इस गंभीर अपराध में कहीं न कहीं साझेदार बन चुकी हैं।
निर्णायक लड़ाई का आह्वान
युवाओं की हताशा को स्वर देते हुए केजरीवाल ने कहा कि अब समय आ गया है जब देशभर के युवाओं को इस भ्रष्टाचार के खिलाफ एकजुट होकर एक निर्णायक लड़ाई छेड़नी होगी। ये खबर आप गज़ब वायरल में पढ़ रहे हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि बिना किसी बड़े आंदोलन के इस संगठित अपराध को खत्म करना मुमकिन नहीं है।





