
उन्नाव के रामपुर थाने में युवक की पिटाई के वायरल वीडियो मामले की जांच दिलचस्प मोड़ पर आ गई है। पुलिस द्वारा पीटे गए युवक ने सीओ को दिए बयान में कहा है कि थाने के अंदर वह नहीं बल्कि जिन्न गालियां दे रहा था। पुलिस ने मुझे नहीं, उसी जिन्न को पीटा था।
UP News: यूपी के उन्नाव जिले के बिहार थाने में युवक की पिटाई के वायरल वीडियो मामले की जांच दिलचस्प मोड़ पर आ गई है। पुलिस द्वारा पीटे गए युवक ने सीओ को दिए बयान में कहा है कि थाने के अंदर वह नहीं बल्कि जिन्न गालियां दे रहा था। पुलिस ने मुझे नहीं उसी जिन्न को पीटा था। मुझे तो कुछ पता ही नहीं है। सीओ का कहना है कि बयान दर्ज किए गए हैं, जिसमें युवक जिन्न की पिटाई की बात कह रहा है। वीडियो की फोरेंसिक जांच कराई जाएगी।
13 अप्रैल को बिहार थाने के अंदर का एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें एक युवक असामान्य ढंग से चीख रहा है। गालियां भी दे रहा है। इसी बीच थानेदार ने उससे पूछताछ की और युवक द्वारा जिन्न की कहानी सुनाने पर उसकी पिटाई कर दी। इस मामले की जांच सीओ मधुपनाथ मिश्र को दी गई थी। सीओ ने बताया कि वीडियो में दिख रहे सभी पुलिसकर्मियों, पीड़ित युवक और उसके परिजनों के बयान दर्ज किए गए हैं। थानेदार राहुल सिंह ने का कहना है कि घटना 20 फरवरी की है। दुर्गागंज के युवक को शांतिभंग की आशंका में लाया गया था।
उस पर आरोप था कि उसने गांव के एक व्यक्ति से जमीन का बैनामा कराने के नाम पर 10 हजार रुपये लिए, लेकिन न तो पैसे लौटाए और न ही बैनामा किया। पैसे मांगे गए तो उसने गाली-गलौज की। सीओ के मुताबिक वीडियो में पिटते हुए दिख रहे युवक ने बयान में ‘जिन्न’ को जिम्मेदार ठहराया है। उसने कहा कि अक्सर जिन्न उस पर सवार हो जाता है। थाने में भी जिन्न ही गालियां बक रहा था। पुलिस ने जिन्न को ही पीटा, उसे नहीं। उसे कुछ याद नहीं है। परिजनों ने कहा कि वह काफी समय से मानसिक रूप से अस्वस्थ है। कई बार अनाप शनाप बोलने लगता है।
इस मामले में क्षेत्राधिकारी मधुपनाथ मिश्र ने कहा कि युवक असंगत बातें कर रहा है। बयान में उसने जिन्न को जिम्मेदार ठहराया। पुलिसकर्मियों, युवक और उसके परिवार के बयान लिए हैं। वीडियो किसने बनाया, कब वायरल किया, स्पष्ट नहीं हो सका है। वीडियो सही है या उसे टेंपर किया गया है। फॉरेंसिक जांच कराई जाएगी। ये खबर आप गज़ब वायरल में पढ़ रहे हैं। जल्द पूरी कर रिपोर्ट अधिकारियों को सौंपेंगे।





