गर्मी के साथ साथ अगर बारिश भी पड़ती रहे तो ऐसे मौसम में बच्चों में टाइफाइड के मामले तेजी से बढ़ने का खतरा रहता है. टाइफाइड बैक्टीरिया से होने वाली एक बीमारी है. यह बैक्टीरिया दूषित पानी और खाने के जरिए फैलता है. वैसे तो ये बैक्टीरिया किसी को भी नुकसान कर सकता है, लेकिन बच्चों में ज्यादा असर देखा जाता है. बच्चों में बड़ों की तुलना में टाइफाइड के केस ज्यादा आते भी हैं. कई मामलों में माता पिता को इस बुखार के शुरुआती लक्षणों के बारे में पता नहीं होता है. ऐसे में ये जानना जरूरी है कि टाइफाइड के शुरुआती लक्षण क्या होते हैं.

गाजियाबाद के जिला अस्पताल में पीडियाट्रिक विभाग में डॉ. विपिनचंद्र उपाध्याय बताते हैं कि इस मौसम में टाइफाइड फैलाने वाला बैक्टीरिया एक्टिव रहता है. कई मामलों में बच्चे दूषित पानी या खाना खा लेते हैं. जिससे ये बैक्टीरिया खाने के जरिए उनके पेट में जाता है और फिर शरीर पर इसका असर दिखता है. अधिकतर मामलों में कुछ दिनों की दवाओं के कोर्स के बाद यह बैक्टीरिया खत्म हो जाता है, लेकिन ये गंभीर रूप भी ले सकता है. ऐसे में इसके लक्षणों के बारे में जानकारी जरूर होनी चाहिए.
टाइफाइड के लक्षण क्या होते हैं
- तेज बुखार जो दो दिन से ज्यादा बना हुआ है
- लगातार कमजोरी
- थकान
- भूख कम लगना
- पेट दर्द
- पेट फूलना
- उल्टी
- मतली
- दस्त
- शरीर में दर्द
ये होते हैं गंभीर लक्षण
बहुत तेज बुखार
लगातार उल्टी
ज्यादा कमजोरी
सांस लेने में परेशानी
बेहोशी
अगर टाइफाइड हो जाए तो क्या करें
अगर बच्चे को टाइफाइड हो गया है तो सबसे पहले जरूरी है कि डॉक्टर से सलाह लेकर इलाज कराएं. जितने दिनों के लिए दवाओं का कोर्स है उसको पूरा करें. बच्चे को आराम करने दें और उसको लिक्विड डाइट देते रहें. ये खबर आप गज़ब वायरल में पढ़ रहे हैं। बच्चे को भारी भोजन न दें. इसके स्थान पर खिचड़ी, दलिया
और सूप दे सकते हैं. इस बात का ध्यान रखें कि बच्चे के आसपास सफाई रखें और किसी दूसरे बीमार व्यक्ति को उसके आसपास न रहने दें.
टाइफाइड से बचाव कैसे करें?
बच्चों को हमेशा साफ पानी पिलाएं
बाहर का खुला खाना खाने से बचाएं
खाने से पहले और टॉयलेट के बाद हाथ धोने की आदत डालें
फल और सब्जियां अच्छी तरह धोकर खिलाएं




