कुश्ती महासंघ के नए सर्कुलर से विनेश फोगाट के एशियन गेम्स में हिस्सा लेने के रास्ते बंद​

नई दिल्ली: दो बार विश्व चैंपियनशिप में पदक जीतने वाली पहलवान विनेश फोगाट, भारतीय कुश्ती महासंघ की चयन नीति के अनुसार, इस महीने के अंत में होने वाले एशियाई खेलों के चयन ट्रायल में भाग लेने के लिए पात्र नहीं होंगी.

कुश्ती महासंघ के नए सर्कुलर से विनेश फोगाट के एशियन गेम्स में हिस्सा लेने के रास्ते बंद​

हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, डब्ल्यूएफआई द्वारा बुधवार को जारी एक सर्कुलर में कहा गया है कि एशियाई खेलों के ट्रायल 30 और 31 मई को दिल्ली और लखनऊ में आयोजित किए जाएंगे.

सर्कुलर के अनुसार, अहमदाबाद में आयोजित 2025 सीनियर राष्ट्रीय चैंपियनशिप, गाजियाबाद में आयोजित 2026 सीनियर फेडरेशन कप और भिलाई में आयोजित 2026 अंडर20 राष्ट्रीय चैंपियनशिप के सभी पदक विजेता ट्रायल में भाग लेने के पात्र होंगे.

उल्लेखनीय है कि विनेश फोगाट, जिन्होंने पेरिस ओलंपिक के फाइनल में 100 ग्राम अधिक वजन होने के कारण अयोग्य घोषित किए जाने के बाद अगस्त 2024 में संन्यास की घोषणा की थी, ने पिछले साल दिसंबर में अपना फैसला बदलते हुए वापसी का ऐलान किया था, लेकिन अभी तक उन्होंने किसी भी प्रतिस्पर्धी प्रतियोगिता में भाग नहीं लिया है.

उन्होंने इस महीने उत्तर प्रदेश के गोंडा में होने वाली राष्ट्रीय ओपन प्रतियोगिता में 57 किलोग्राम वर्ग में प्रवेश लिया है, लेकिन इस प्रतियोगिता के परिणाम चयन ट्रायल में शामिल नहीं किए जाएंगे. यह फरवरी में वेबसाइट पर अपलोड की गई आइचीनागोया खेलों के लिए डब्ल्यूएफआई की चयन नीति के अनुरूप है.

महासंघ के एक वरिष्ठ अधिकारी ने अखबार को बताया, ‘विनेश या किसी भी एथलीट को ट्रायल से बाहर रखने का डब्ल्यूएफआई का कोई इरादा नहीं है. आज हमने जो सर्कुलर भेजा है, वह एशियाई खेलों के लिए हमारी चयन नीति के अनुसार है. यह नीति फरवरी में ही हमारी वेबसाइट पर डाल दी गई थी और खेल मंत्रालय के साथ भी साझा की गई थी. यह पूरी तरह पारदर्शी है और सार्वजनिक रूप से उपलब्ध है.’

उन्होंने आगे कहा, ‘गोंडा में आयोजित होने वाले नेशनल ओपन कभी भी चयन परीक्षण या चयन योजना का हिस्सा नहीं थी. यह सब नीति में ही निहित है.’

बताया गया है कि महिला पहलवानों के लिए ट्रायल 30 मई को नई दिल्ली के आईजी स्टेडियम में होंगे, जबकि फ्रीस्टाइल और ग्रीको रोमन कुश्ती के लिए चयन प्रक्रिया अगले दिन लखनऊ स्थित एसएआई क्षेत्रीय केंद्र में होगी. ट्रायल 18 ओलंपिक वर्गों में होंगे, प्रत्येक वर्ग में छह पहलवान शामिल होंगे. फ्रीस्टाइल पहलवान 57 किलोग्राम, 65 किलोग्राम, 74 किलोग्राम, 86 किलोग्राम, 97 किलोग्राम और 125 किलोग्राम भार वर्ग में प्रतिस्पर्धा करेंगे, जबकि ग्रीको रोमन कुश्ती के ट्रायल 60 किलोग्राम, 67 किलोग्राम, 77 किलोग्राम, 87 किलोग्राम, 97 किलोग्राम और 130 किलोग्राम भार वर्ग में होंगे.

बहुप्रतीक्षित महिला ट्रायल 50 किलोग्राम, 53 किलोग्राम, 57 किलोग्राम, 62 किलोग्राम, 68 किलोग्राम और 76 किलोग्राम भार वर्ग में आयोजित किए जाएंगे.

सर्कुलर के अनुसार, मुकाबलों से पहले सुबह वजन नापा जाएगा और कम वजन वाले खिलाड़ियों के लिए एक किलो की छूट दी जाएगी. ये खबर आप गज़ब वायरल में पढ़ रहे हैं। भारी वजन वाले खिलाड़ियों के लिए 2 किलो की छूट दी जाएगी.

अधिकारी ने आगे बताया, ‘हम व्यक्तिगत खिलाड़ियों के लिए नियमों में ढील नहीं दे सकते. यह उन अन्य एथलीटों के साथ अन्याय होगा जो इस प्रणाली से आगे बढ़ते हैं.’

उन्होंने तीन बार की ओलंपियन के लिए किसी अपवाद के माध्यम से ट्रायल में पहुंचने की किसी भी संभावना को खारिज कर दिया.

डब्ल्यूएफआई ने स्पष्ट कर दिया है कि ‘पिछला प्रदर्शन ध्यान में नहीं रखा जाएगा’ और जो पहलवान उपरोक्त मानदंडों को पूरा नहीं करेंगे, उन्हें प्रतियोगिता में भाग लेने की अनुमति नहीं दी जाएगी. बता दें कि यह बात मूल नीति में उल्लिखित नहीं थी, बल्कि इसे बाद में जोड़ा गया है.

डब्ल्यूएफआई के सर्कुलर में कहा गया है कि परीक्षण की निगरानी ‘उच्च योग्यता प्राप्त तकनीकी अधिकारियों’ द्वारा की जाएगी.

एशियाई खेलों के बाद कुश्ती का अगला बड़ा आयोजन अक्टूबरनवंबर में होने वाली विश्व चैंपियनशिप है. इसकी चयन नीति अभी तक तैयार नहीं हुई है.

विनेश के नेशनल ओपन में भाग लेने पर संदेह

इस बीच डब्ल्यूएफआई ने कहा है कि फोगाट पर नेशनल ओपन में भाग लेने के लिए अयोग्य घोषित होने का खतरा मंडरा रहा है.

इस संबंध में डब्ल्यूएफआई के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, ‘वाडा और यूडब्ल्यूडब्ल्यू के नियमों के अनुसार, सेवानिवृत्ति के बाद वापसी करने वाले किसी भी खिलाड़ी को पंजीकृत परीक्षण पूल में फिर से प्रवेश करना होता है और छह महीने के भीतर कम से कम एक बार परीक्षण कराना अनिवार्य है. विनेश का निर्धारित समय 18 दिसंबर, 2025 को यह परीक्षण नहीं हो सका था. इसके अलावा उनका अभी तक यह परीक्षण नहीं हुआ है. इसका मतलब है कि परीक्षण कराए बिना वह प्रतिस्पर्धा नहीं कर सकतीं.’

वाडा के 2015 के डोपिंगविरोधी नियमों के अनुच्छेद 5.7 में कहा गया है, ‘पंजीकृत परीक्षण पूल में शामिल कोई भी पहलवान जो संन्यास लेना चाहता है, उसे तत्काल यूनाइटेड वर्ल्ड रेसलिंग और वाडा को सूचित करना होगा. यह याद दिलाया जाता है कि कोई भी सेवानिवृत्त पहलवान जो प्रतियोगिता में वापसी करना चाहता है, उसे कम से कम छह महीने पहले यूडब्ल्यूडब्ल्यू को

यूडब्ल्यूडब्ल्यू को सूचित करना होगा और इस अवधि के दौरान डोपिंग परीक्षण के लिए उपलब्ध रहना होगा.’

अधिकारी ने कहा, ‘अगर विनेश आती भी हैं, तो उन्हें अयोग्य घोषित कर दिया जाएगा. अगर वह प्रतियोगिता में भाग लेती हैं, तो उसके सभी परिणाम रद्द कर दिए जाएंगे. अगर वह गोंडा प्रतियोगिता में भाग न लेने का फैसला करती है, तो हमें आश्चर्य नहीं होगा.’

गौरतलब है कि इसी सप्ताह विनेश फोगाट ने भारतीय कुश्ती महासंघ के पूर्व प्रमुख बृजभूषण शरण सिंह पर यौन उत्पीड़न के आरोपों से जुड़े मामले में चौंकाने वाला खुलासा करते हुए बताया था कि सिंह के ख़िलाफ़ यौन उत्पीड़न का आरोप लगाने वाली छह पहलवानों में वह एक हैं. इसके साथ ही उन्होंने भारतीय कुश्ती महासंघ द्वारा सिंह के गृह क्षेत्र में टूर्नामेंट आयोजित करवाए जाने को लेकर विरोध जताया था. को घर गिफ्ट किया:175 गज में बना, कीमत करीब ₹50 लाख; सरप्राइज देख फूटफूटकर रोई

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